Apr 24, 2009

Apr 10, 2009

बलि पथ के सुंदर प्राण

बलि पथ के सुंदर प्राण | बलि होना धर्म तुम्हारा, जीवन हित क्यों पय पान || आज खडा तू मंदिर आगे, देव पुरुष के है भाग्य जागे | टूट रहे ...

Apr 5, 2009

आराम कहाँ

आराम कहाँ अब जीवन में अरमान अधूरे रह जाते | दिल की धड़कन शेष रहे हाथों के तोते उड़ जाते || तिल-तिल कर तन की त्याग तपस्या का अमृत संचय करते |...

Apr 1, 2009

काली पहाड़ी ग्राम में जमुवाय माता के मन्दिर में मूर्ति की प्राण प्रतिष्ठा

बगड़ ग्राम काली पहाडी में जमुवाय माता की मूर्ति स्थापना पर दो दिवसीय धार्मिक कार्यक्रम में सोमवार को शोभा यात्रा निकाली...